सबसे बड़े उत्पादक देश के रूप में उभर रहा है भारत- राज्यवर्धन सिंह

जयपुर, 6 जनवरी।

केंद्रीय युवा और खेल राज्य मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की सोच और पहल का ही परिणाम है कि देश में मुद्रा जैसी योजनाओं से युवाओं को जोड़कर एन्टरप्रिन्योर बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आईटी बेस लोनिंग व्यवस्था से देश में पारदर्शिता आई है। श्री राठौ़ड़ शनिवार को लघु उद्योग भारती व उद्योग विभाग, राजस्थान सरकार के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इंडिया इंडस्ट्रीयल फेयर-2018 के दूसरे दिन राइट इको सिस्टम फोर एक्स्ट्रा आर्डिनरी ग्रोथ ऑफ एमएसएमई विषय पर आयोजित तकनीकी स़त्र को संबोधित कर रहे थे।

उन्होंने कहा कि युवाओं को सरकारी नौकरी की ओर देखने की जगह रोजगार उत्पादक उद्यमी बनाने की दिशा में कदम बढ़ाए जा रहे हैं।उन्होंने कहा कि विश्व इकोनोमी में मंदी के दौर के बावजूद दुनिया के भर में भारतीय अर्थव्यवस्था को सशक्त इकोनोमी के रूप में देखा जा रहा है। उन्होंने कहा कि विदेशों में भारतीय संस्कृति और विरासत को सकारात्मक ताकत के रूप में लिया जा रहा है और दुनिया में भारत को बराबरी के स्तर पर इज्ज्त से देखा जा रहा है।

उन्होंने कहा कि युवाओं की आबादी भारत में सर्वाधिक है, लेकिन उसके अनुरूप रोजगार के संसाधन नहीं हैं। इसके लिए भारत सरकार उद्योगों के प्रति सकारात्मक वातावरण बना रही है।राठौड़ ने कहा कि विश्वभर में इकोनमी में मंदी के बावजूद देश की इकोनमी स्ट्रांग व स्टेबल है।

एमएसएमई भारत सरकार के सचिव अरूण पांडा ने कहा कि पिछले तीन साल में सबसे बड़ा बदलाव ये आया है कि हम इनफोरमल सिस्टम से फोरमल सिस्टम में आए हैं। केंद्र सरकार ने ईज़ ऑफ़ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने की दिशा में सराहनीय कार्य किया है। पांडा ने कहा कि लघु उद्योगों को और मजबूत करने के लिए ब्लॉक, जिला व राज्य स्तर पर एमएसएमई पखवाड़े का आयोजन किया जाएगा। इसके तहत लघु उद्यमियों को उत्पाद निर्माण के साथ-साथ उसके विपणन की उचित व्यवस्था के बारे जानकारी दी जाएगी। उन्होंने कहा कि यह क्षेत्र चरखे से लेकर न्यूक्लियर पॉवर, एरोस्पेस, तेजस फायटर जैसी बड़ी से बड़ी इंडस्ट्रीज में बराबर का भागीदार बन रहा है।

राजस्थान सरकार के वित्त सचिव प्रवीण गुप्ता ने कहा कि एमएसएमई को और मजबूत करने के लिए उद्यमियों के सामने आ रही दिक्कतों को दूर किया जा रहा है। गुप्ता ने कहा कि लघु उद्योगों के जरिए ही आज 40 प्रतिशत युवाओं को रोजगार मिल रहा है, जिसे और अधिक मजबूत करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि ग्लोबल सोच रखते हुए राज्य सरकार लघु उद्योगों की सुविधाओं में बढोतरी के लिए आगामी बजट में विशेष प्रावधान करने जा रही है।

सिडबी, राजस्थान के के जीएम विवेक मल्होत्रा ने बैंक लोन को मार्केट प्लेस की तरह करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि उद्योग स्थापित करने के लिए भारत सरकार ने कम ब्याजदर पर ऋण मुहैया कराने के लिए ऑनलाइन सिस्टम लागू कर दिया है।

उद्योग आयुक्त कुंजीलाल मीणा ने पीएमकेवीवाई व भामाशाह रोजगार सृजन योजना के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी संभाग मुख्यालयों पर बायर-सेलर मीट आयोजित कर उद्यमियों को प्रोडेक्ट की सेल-परचेज के बारे में जागरूक किया जाएगा।

इसी तरह राजस्थान मरुधरा ग्रामीण बैंक के सीजीएम एसपी श्रीमाली ने केंद्र सरकार के सामाजिक सुरक्षा के प्रयासों को सराहा। उन्होंने बैंकों के बढते एनपीए पर चिंता जाहिर की। उन्होंने प्रदेश में उद्योग व खेलों को बढावा देने पर बल दिया। लघु उद्योग भारती के राष्ट्रीय महासचिव गोविंद लेले ने उद्योगों के लिए कंस्ट्रेक्टिव पॉलिसी बनाने व स्कूली शिक्षा के पाठयक्रम में बदलाव करने का आह्वान किया। लेले ने कहा कि युवाओं को उद्योग प्रधान बनने की जरूरत है। इस दौरान अर्थशास्त्री भगवती प्रसाद, एलयूबी के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष ओमप्रकाश मित्तल ने भी अपने विचार व्यक्त किये। कार्यक्रम का मंच संचालन रघु विश्वनाथ व सोतिक दास ने किया।

 

सोशल मीडिया में इंडिया इंडस्ट्रीयल फेयर ने मचाई धूम

जयपुर के सीतापुरा स्थित जेईसीसी में चल रहे इंडिया इंडस्ट्रीयल फेयर के बारे में जानने के लिए लोगों में उत्सुकता का क्रेज इस कद्र है कि सोशल मीडिया के जरिए एक ही दिन में 30 लाख से भी अधिक लोगों ने इसके बारे में जाना। इस फेयर में जहां हजारों की तादाद में विजिटर पहुंचे रहे हैं, वहीं सोशल मीडिया फेसबुक व ट्विटर के जरिए भी लाखों लोग फेयर के बारे में अपडेट हो रहे हैं। इस फेयर के उदघाटन सत्र को टिवटर पर ट्रेंड कराया गया। उन्होंने बताया कि महज एक घंटे में ही इस ट्रेंड पर करीब दो हजार टवीट हुए, जबकि 30 लाख से ज्यादा लोगों ने इसे देखा, लाइक व शेयर किया। गौरतलब है कि 8 जनवरी तक चलने वाले इस फेयर के सभी सत्रों का फेसबुक व टिवटर हैंडल पर लाइव प्रसारण भी होगा।

डॉ. संजय मिश्रा विमल कटियार
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रणजीत सिंह अजय शर्मा
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